ट्रेलर रिलीज होते ही इस फिल्म पर विवाद जोर पकड़ने लगा है. इसमें भाजपा सांसद किरण खेर के प्रसिद्ध अभिनेता पति अनुपम खेर और भाजपा सांसद रहे चर्चित अभिनेता (दिवंगत) विनोद खन्ना के बेटे अक्षय खन्ना ने प्रमुख भूमिका निभाई है. इस फिल्म का मुख्य उद्देश्य देश को यह बताना है कि वर्ष 2004 में अटल बिहारी वाजपेयी की सरकार जाने के बाद कांग्रेस सत्ता में आई थी और तत्कालीन कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने अपने बेटे राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाने की तैयारी कर ली थी. उन दिनों जनता पार्टी के अध्यक्ष और पार्टी के इकलौते सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने तत्कालीन राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम से अनुरोध कर ऐसा नहीं होने दिया. कांग्रेस को मजबूरी में अर्थशास्त्री डॉ. मनमोहन सिंह को प्रधानमंत्री बनाना पड़ा था.
संजय बारू की लिखी किताब पर बनी इस फिल्म की कहानी दर्शकों के गले उतरती है या नहीं, यह तो इसके रिलीज होने पर ही पता चलेगा. कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा ने लोकसभा चुनाव में फायदा लेने के लिए यह फिल्म बनवाई है और जब चुनाव में सिर्फ पांच महीने रह गए हैं, तब इसे रिलीज किया जा रहा है.
Sabhar NDTV India
Post A Comment: